लेकिन पल आखिर पल ही होता है…..

कुछ पल दर्द देता है
तोह कुछ पल सुकून देता है
कुछ पल आँशु गिराता है
तोह कुछ पल मुस्कराहट देता है
दुनियां मैं जो कुछ होता है
वो सब पल पल के
इर्द गिर्द ही घूमता हैं
लेकिन पल आखिर पल ही होता है…….

भरोसा लेके हम जीते है
तोह भरोसा टूटते ही हम मरते है
वादा से रिस्ता बनता है
तोह वादा टूटने से
ज़िन्दगी बिखर जाता है
और ये सब पल के दायरे
मैं हि अक्सर सिमट जाता है
लेकिन पल आखिर पल ही होता है…….

हम किसी के साथ दोस्ती करते है
तोह कोई हमे दुश्मन करार देता है
दोस्त के लिए हम अपनी
जान क़ुर्बान करते हैं
तोह दुश्मनी हमे
घुटन देता है
लेकिन पल आखिर पल ही होता है……

दिल की बात हमे किसी से
बया करते हैं
तोह किसी से दिल की बात
छुपाते है
किसी को हम अपना बना लेते हैं
तोह कोई हमे
बेगाना बना देता देता हैं
लेकिन पल आखिर पल ही होता है……..

किसी हमसफ़र को
हम खुदा मान लेते हैं
तोह किसने हमारे दिल पे
खंजर चला देता हैं
पुर एक सच्चा इंसान
हरपाल अपनी दोस्ती का
इज़हार करता रहता है
चाहे उसको कितना तकलीफ
न झेलना पड़े
चाहे उसका दिल मैं कितना
तड़पना की खून बेहता रहे
और वो अंतिम सांस तक
अपना दोस्ती का इबादत
करता रहे
क्यों की गुजरा हुआ पल
वो दोबारा वापस नहीं ला सकता
क्यों की
पल आखिर पल ही होता है……….

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *